गुरुवार, 7 सितंबर 2017

। बुद्धि ।।

                बुद्धि।

मानव आैर पशु के मध्य अन्तर स्थापित करते हुए प्राय यह कहा जाता हैकि मानव के पास बुद्धि है पशु के पास नहीं ।
अपने बुद्धिबल के द्वारा ही मानव शैर जैसे हिंसक और हाथी
जैसे विशालकाय पशु को अपने वश में कर लेता है ।

               मनुष्य और अमनुष्य के मध्य अंतर करने वाला
सूक्ष्म तत्व बुद्धि ही है ।बुद्धि के द्वारा ही मनुष्य अपना सर्वांगीण विकास कर पाता है । बुद्धि का लक्षण विवेकपूर्ण
आचरण है । हमारी बुद्धि ही हमारा गुरू होती है ।

    पूर्णतः बुद्धिहीन मनुष्य शायद कोई भी न होगा । जिसे हम मूर्ख या बुद्धिहीन कहते है,उसमे बुद्धि का बिल्कुल अभाव नहीं होता । एक अधयापक की दृष्टि मे किसान मूर्ख है, क्योंकि वह
साहित्य के विषय मे कुछ नही जानता,किन्तु परिक्षा करने पर
मालूम होगा कि किसान में खेती के सम्बंध मेपर्याप्त होशियार
सूझ और योग्यता है , जो कि एक अध्यापक के पास नहीं है ।

       हर इंसान में किसी भी विषय को समझने का एक बौद्धिक स्तर होता है । कम या अधिक इस संसार का नियम है ।

        धन्यवाद ।            
   

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